
बिच्छू डॉट कॉम। बिजली कंपनियों में मैनपावर आउटसोर्सिंग के लिए जारी 1138 करोड़ रुपए का टेंडर निरस्त कर दिया गया है। यह टेंडर सोमवार को खुलना था, लेकिन उससे पहले ही इसे रद्द कर दिया गया। 14 मई को मीडिया ने खुलासा किया था कि टेंडर की रातों में बदलाव कर एक खास फर्म को लाभ पहुंचाने की कोशिश की गई है। पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने तीनों डिस्कॉम के लिए संयुक्त निविदा जारी की थी। टेंडर में न्यूनतम सर्विस चार्ज 5 प्रतिशत से बढ़ाकर 10 प्रतिशत कर दिया गया था। इससे पहले जहां लगभग 56 करोड़ रुपए कमीशन देना पड़ता, वहीं नई शर्तों के तहत यह राशि 113 करोड़ रुपए तक पहुंच जाती। यानी ठेकेदार को करीब 57 करोड़ रुपए का अतिरिक्त लाभ मिलता। विवाद का एक और कारण यह भी रहा कि आमतौर पर बिजली कंपनियों के टेंडर सर्किलवार निकाले जाते हैं, लेकिन इस बार तीनों डिस्कॉम के लिए संयुक्त निविदा जारी की गई।
