
- मध्य प्रदेश बना निवेश और निर्यात का नया केंद्र
भोपाल/बिच्छू डॉट कॉम। मध्यप्रदेश तेजी से भारत के नए वैश्विक निवेश एवं निर्यात केंद्र के रूप में उभर रहा है। हमारा मध्यप्रदेश अब वैश्विक व्यापार जगत में भी अपनी सशक्त पहचान के साथ आगे बढ़ रहा है। भारत तथा लैटिन अमेरिका एवं कैरेबियन देशों के बीच बढ़ती परस्पर आर्थिक साझेदारी में मध्यप्रदेश भी अपनी अधिकतम क्षमताओं के साथ महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। यह बात मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को इंदौर में आयोजित भारत-लैटिन अमेरिका एवं कैरेबियन व्यापार एवं निवेश मंच-2026 के शुभारंभ सत्र को संबोधित करते हुए कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश असीम अवसरों की धरती है। प्रदेश की स्थिर और पारदर्शी नीतियां निवेश और उद्योग फ्रेंडली हैं। आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स, रिन्यूएबल एनर्जी, ऑटोमोबाइल, फार्मा इंडस्ट्री, फूड प्रोसेसिंग, टेक्सटाइल, डिफेंस सेक्टर, और टेक्नॉलजी के क्षेत्र में हम तेजी से प्रगति कर रहे हैं। हमारे पास 1.25 लाख एकड़ से अधिक का रेडी-टू-यूज़ लैंड बैंक उपलब्ध है। आज मध्यप्रदेश लॉजिस्टिक्स और कनेक्टिविटी का सबसे बड़ा हब बन चुका है। प्रदेश में 5 लाख किमी से अधिक के सुदृढ़ सडक़ नेटवर्क और अत्याधुनिक रेल व हवाई कनेक्टिविटी ने यातायात को सुगम बना दिया है। अगले 5 सालों में हम 6 प्रमुख औद्योगिक कॉरिडोर विकसित करेंगे, जो मालवा से बुंदेलखंड और निमाड़ से विंध्य तक रोड़ कनेक्टिविटी को और मजबूत करेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने लैटिन-अमेरिकी एवं कैरेबियन देशों के व्यापार प्रतिनिधियों को मध्यप्रदेश में निवेश, उत्पादन और नवाचार के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि हम आपके साथ एक ठोस और दीर्घकालिक साझेदारी के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश देश के मध्य में होने के कारण व्यापार-व्यवसाय के लिए सबसे अनुकूल स्थान है। राज्य में कानून- व्यवस्था की कोई परेशानी नहीं है। यहां औद्योगिक कुशल श्रमिकों की कोई कमी नहीं है। मध्यप्रदेश सबको अपनाने वाला राज्य है, जो एक बार आता है, यहीं का होकर रह जाता है। मध्यप्रदेश में खुले दिल से निवेश करें, यहां निवेश करना बड़े लाभ का सौदा है।
उन्होंने कहा कि इंदौर प्राचीन काल में भी उन्नत व्यापार और व्यवसाय की सुगमता के कारण बड़ा व्यावसायिक केन्द्र हुआ करता था। पहले यहां सिल्क मार्ग से दुनियाभर में व्यापार होता था। भारत और लैटिन अमेरिका की परंपराओं में नजदीकियां दिखाई पड़ती हैं।
उरुग्वे ने निवेश गतिविधियों को बढ़ाया: अम्ब्रेला
भारत में उरुग्वे के राजदूत अम्ब्रेला ने कहा कि ‘इनक्रेडिबल इंडिया’ में मध्यप्रदेश ने हमें हमेशा से आकर्षित किया है। भारत सरकार ने अपनी इच्छा शक्ति के बल पर अपने लक्ष्यों को हासिल किया है। उरुग्वे ने भारत के साथ अपने रिश्तों को मजबूत करते हुए व्यापार और निवेश गतिविधियों को बढ़ाया है। अब तेजी से गुड्स प्रोडेक्ट्स साउथ अमेरिका से भारत पहुंचाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि अभी तो सिर्फ शुरूआत है, हमारे बीच व्यापारिक संबंधों का उत्कृष्ट परिणाम आना अभी शेष है। यह आयोजन निश्चित रूप से निवेश और व्यापार को प्रोत्साहन देगा।
मप्र की इंडस्ट्रियल ग्रोथ सबसे ज्यादा: सिंह
प्रमुख सचिव औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन राघवेंद्र कुमार सिंह ने मध्यप्रदेश के औद्योगिक विकास और अपार निवेश संभावनाओं पर प्रेजेंटेशन दिया। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश में लैटिन अमेरिका एवं कैरेबियन देशों के लिए व्यापार एवं निवेश की अपार संभावनाएं हैं। मध्यप्रदेश की इंडस्ट्रियल ग्रोथ सबसे अधिक है। मध्यप्रदेश को ‘हार्ट ऑफ इनक्रेडिबल इंडिया’ भी कहा जाता है। देश के मध्य में होने के कारण यहां से हवाई, रेल और सडक़ परिवहन की सुगम व्यवस्था है। मध्यप्रदेश गेहूं उत्पादन में भारत में दूसरे स्थान पर है।
