पेप्सी-माउंटेन ड्यू अब मेड इन उज्जैन

पेप्सी-माउंटेन ड्यू
  • मुख्यमंत्री करेंगे 1266 करोड़ का प्लांट लोकार्पित, 800 को मिलेगा रोजगार

भोपाल/बिच्छू डॉट कॉम। महाकाल की नगरी अब बहुराष्ट्रीय कंपनियों का पसंदीदा डेस्टिनेशन बन रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मंगलवार को दोपहर 3 बजे विक्रम उद्योगपुरी में देश के दूसरे पेप्सिको फ्लेवर कंसंट्रेट प्लांट का लोकार्पण करेंगे। 1266 करोड़ रुपये के निवेश से 22 एकड़ में बना यह हाईटेक प्लांट मध्य प्रदेश को औद्योगिक नक्शे पर नई पहचान देगा। यह कोई साधारण फैक्ट्री नहीं है। यहां पेप्सी, माउंटेन ड्यू, ट्रॉपिकाना जैसे ब्रांड्स के लिए फ्लेवर कंसंट्रेट यानी वो सीक्रेट फॉर्मूला बनेगा, जिससे कोल्ड ड्रिंक तैयार होते हैं। पूरे देश में ऐसे सिर्फ दो प्लांट हैं। एक पहले से गुजरात में है और दूसरा अब उज्जैन में है। उज्जैन अब देश का दूसरा शहर बन गया जहां पेप्सी का यह खास यूनिट लगा है।
हजारों लोगों को अप्रत्यक्ष रोजगार
एमपीआईडीसी के निदेशक राजेश राठौर ने बताया कि प्लांट शुरू होते ही 800 से ज्यादा युवाओं को सीधे नौकरी मिलेगी। साथ ही ट्रांसपोर्ट, वेयरहाउसिंग, लॉजिस्टिक्स, पैकेजिंग और सप्लाई चेन से जुड़े हजारों लोगों को काम मिलेगा। लोकल युवाओं के लिए यह बड़ी सौगात है।
पूर्ण स्वचालित, वैश्विक तकनीक से लैस
यह प्लांट फुल ऑटोमेशन और आधुनिक तकनीक से लैस है। यहां वैश्विक गुणवत्ता मानकों पर पेप्सी, लेज, कुरकुरे, गैटोरेड, क्वेकर जैसे ब्रांड्स के लिए प्रोडक्शन होगा। पेप्सिको के प्रोडक्ट 200 से ज्यादा देशों में बिकते हैं- अब मेड इन उज्जैन का ठप्पा भी लगेगा।
उज्जैन बना इंडस्ट्रियल हब
दिल्ली-मुंबई इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के तहत बनी विक्रम उद्योगपुरी अब प्रदेश का सबसे तेजी से बढ़ता औद्योगिक क्षेत्र है। विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचा और बेहतर कनेक्टिविटी के चलते पेप्सिको जैसी ग्लोबल कंपनी ने यहां 1266 करोड़ लगाए हैं। यह एमपी की उद्योग हितैषी नीतियों पर विदेशी निवेशकों के भरोसे का सबूत है।
सिर्फ फैक्ट्री नहीं, एमपी की नई पहचान
सीएम डॉ. मोहन यादव का यह दौरा सिर्फ फीता काटने का नहीं है, बल्कि यह संदेश है कि उज्जैन अब सिर्फ धार्मिक नगरी नहीं, बल्कि मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपोर्ट का बड़ा केंद्र बन रहा है। सिंहस्थ-2028 से पहले यह निवेश उज्जैन की तस्वीर बदल देगा।

Related Articles