जुलाई में बज सकता है दतिया उपचुनाव का बिगुल!

दतिया उपचुनाव
  • भाजपा के साथ कांग्रेस भी जुट गई चुनावी तैयारी में

भोपाल/बिच्छू डॉट कॉम। मप्र की राजनीति में दतिया सीट को लेकर बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती को दिल्ली की विशेष अदालत से फिलहाल कोई राहत नहीं मिली है। अदालत ने मामले में तत्काल राहत देने से इनकार करते हुए अगली सुनवाई की तारीख 29 जुलाई तय कर दी है, इस फैसले के बाद दतिया में उपचुनाव लगभग तय माना जा रहा है। ऐसे में भाजपा के साथ अब कांग्रेस ने भी उपुचनाव की तैयारी शुरू कर दी है। दतिया विधानसभा सीट पर उपचुनाव की संभावना को देखते हुए कांग्रेस ने अपनी तैयारी शुरू कर दी है। दतिया से निर्वाचित कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती की आर्थिक धोखाधड़ी के मामले में तीन साल की सजा के बाद उनकी विधानसभा सदस्यता समाप्त हो चुकी है। उन्होंने विशेष न्यायालय के आदेश को दिल्ली हाई कोर्ट में चुनौती दी है, लेकिन फिलहाल उन्हें कोई राहत नहीं मिली है। मामले की अगली सुनवाई 29 जुलाई को तय की गई है। उपचुनाव की संभावना को देखते हुए कांग्रेस संगठन ने जिला इकाई को तैयारी के निर्देश दिए हैं। मई के अंत तक पर्यवेक्षक की नियुक्ति भी की जाएगी और कार्यकर्ताओं के सम्मेलन जल्द शुरू होंगे। पार्टी सूत्रों के अनुसार कांग्रेस इस सीट पर अवधेश नायक को उम्मीदवार बना सकती है।
दतिया की राजनीति में अहम सीट
दतिया विधानसभा सीट लंबे समय से मध्य प्रदेश की महत्वपूर्ण राजनीतिक सीटों में गिनी जाती है। यहां कांग्रेस और भाजपा के बीच सीधा मुकाबला देखने को मिलता रहा है अब यदि उपचुनाव होता है, तो यह केवल एक सीट का चुनाव नहीं होगा, बल्कि आने वाले विधानसभा समीकरणों का संकेत भी माना जाएगा। दोनों प्रमुख दलों के लिए यह प्रतिष्ठा का मुकाबला बन सकता है. राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अगले दो वर्षों में मध्य प्रदेश की राजनीति किस दिशा में जाएगी, इसकी झलक दतिया उपचुनाव में देखने को मिल सकती है।
पहले भी घोषित हो चुके हैं उम्मीदवार
विधानसभा चुनाव 2023 से पहले अवधेश नायक को कांग्रेस ने उम्मीदवार घोषित किया था, लेकिन स्थानीय विरोध के चलते बाद में टिकट बदलकर राजेंद्र भारती को चुनाव लड़ाया गया। भारती ने भाजपा के डॉ. नरोत्तम मिश्रा को हराया था। बताया जा रहा है कि इस जीत में अवधेश नायक की भी अहम भूमिका रही थी। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि राजेंद्र भारती का मामला सत्ता के अहंकार का उदाहरण है। जनता सब देख और समझ रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस चुनाव के लिए पूरी तरह तैयार है और भाजपा को कड़ा जवाब देगी। अवधेश नायक दतिया विधानसभा क्षेत्र से पहले भी चुनाव लड़ चुके हैं। उन्होंने भारतीय जनशक्ति पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ा था। बाद में भाजपा में शामिल होकर वर्ष 2016 में मध्य प्रदेश पाठ्य पुस्तक निगम के उपाध्यक्ष बने और उन्हें राज्यमंत्री का दर्जा मिला। वर्ष 2018 और 2023 में टिकट नहीं मिलने के बाद उन्होंने कांग्रेस का दामन थाम लिया।

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