
बिच्छू डॉट कॉम। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) की भोपाल स्थित सेंट्रल जोन बेंच ने पचमढ़ी की चंपक झील के संरक्षण और पर्यावरण संतुलन को लेकर महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं। ट्रिब्यूनल ने झील के क्षेत्रफल का वैज्ञानिक सत्यापन करने, कैचमेंट और बफर जोन का सीमांकन करने तथा पेट्रोल-डीजल से चलने वाली नावों के संचालन पर प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए। यह मामला भोपाल निवासी राखी बाला सिंगारे की याचिका से जुड़ा है। याचिकाकर्ता ने दावा किया था कि झील के आसपास जिपलाइन, पैरासेलिंग, व्यावसायिक कियोस्क और टेंट हाउस जैसी गतिविधियों की अनुमति से पारिस्थितिकी तंत्र को नुकसान पहुंच रहा है। एनजीटी ने साडा के रिकॉर्ड में दर्ज 43.400 हेक्टेयर और इसरो वेटलैंड एटलस में दर्ज 23.12 हेक्टेयर क्षेत्रफल के अंतर का जिला कलेक्टर/वेटलैंड समिति से सत्यापन कराने को कहा है।
