
- मंत्रियों-विधायकों को करना होगा रात्रि विश्राम… सीएम डॉ. मोहन के साथ जामवाल भी होंगे शामिल
गौरव चौहान/भोपाल/बिच्छू डॉट कॉम। भारतीय जनता पार्टी का पं. दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान अब नए चरण में प्रवेश करने जा रहा है। इस अभियान की औपचारिक शुरुआत 3 मई से ग्वालियर से होगी, जहां दो दिवसीय जिला स्तरीय प्रशिक्षण वर्ग आयोजित किया जाएगा। इस प्रशिक्षण वर्ग का उद्घाटन क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल करेंगे, जबकि समापन सत्र में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शामिल होंगे। खास बात यह है कि इस बार प्रशिक्षण में शामिल होने वाले सभी मंत्री, विधायक और सांसदों को प्रशिक्षण स्थल पर ही रात्रि विश्राम करना होगा, ताकि वे कार्यकर्ताओं के साथ अधिक समय बिताकर संवाद स्थापित कर सकें। पार्टी के अनुसार, इस महाअभियान का उद्देश्य कार्यकर्ताओं को वैचारिक, संगठनात्मक और व्यवहारिक रूप से सशक्त बनाना है। ग्वालियर में होने वाले पहले प्रशिक्षण वर्ग को विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि यही से पूरे प्रदेश के जिला स्तरीय कार्यक्रमों की दिशा तय होगी। प्रशिक्षण महाअभियान के प्रदेश संयोजक विजय दुबे ने जानकारी दी कि ग्वालियर वर्ग में मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, भारत सिंह कुशवाह, लाल सिंह आर्य, गोविंद पाराशर, नरेंद्र बिसेन, निशांत खरे सहित कई वरिष्ठ नेता विभिन्न विषयों पर मार्गदर्शन देंगे। ये सभी नेता संगठन की विचारधारा, सरकार की योजनाओं, कार्यशैली और जमीनी स्तर पर पार्टी को मजबूत करने के तरीकों पर प्रशिक्षण देंगे।
1313 मंडलों में प्रशिक्षण कार्यक्रम पूरे किए जा चुके हैं
पार्टी संगठन ने इसके लिए व्यापक तैयारी की है। इससे पहले 22 अप्रैल को इंदौर में प्रदेश स्तरीय वक्ताओं का विशेष प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया गया था, जिसमें उन्हें गहन प्रशिक्षण दिया गया। अब यही प्रशिक्षित वक्ता जिलों में जाकर कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण देंगे, ताकि पूरे प्रदेश में एक समान और प्रभावी प्रशिक्षण सुनिश्चित किया जा सके। भाजपा का दावा है कि इससे पहले प्रदेश के 1313 मंडलों में प्रशिक्षण कार्यक्रम पूरे किए जा चुके हैं और अब जिला स्तर पर यह दूसरा एवं अधिक व्यापक चरण शुरू किया जा रहा है।
विपक्ष के मुद्दों पर जवाब देने का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा
महाअभियान के तहत प्रदेश के सभी 61 संगठनात्मक जिलों में 3 मई से 31 मई तक दो दिवसीय प्रशिक्षण वर्ग आयोजित किए जाएंगे। हर जिले में विस्तृत कार्यक्रम तय किया गया है, जिसमें बूथ प्रबंधन, संगठन विस्तार, सोशल मीडिया की भूमिका, सरकार की उपलब्धियों का प्रचार और विपक्ष के मुद्दों का जवाब जैसे विषय शामिल हैं।
