
विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर प्रदेश के सरकारी और निजी मेडिकल कॉलेजों के एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों का मासिक स्टाइपेंड 14,337 से बढ़ाकर न्यूनतम 30,000 करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि इंटर्न डॉक्टर 24 घंटे आपातकालीन सेवाएं, वार्ड प्रबंधन और मरीजों की देखभाल जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाते हैं। मौजूदा स्टाइपेंड बढ़ती महंगाई और चिकित्सा शिक्षा की लागत के मुकाबले काफी कम है। सिंघार ने अन्य राज्यों की तरह हर साल स्टाइपेंड बढ़ाने की व्यवस्था लागू करने की भी मांग की। इस फैसले से प्रदेश के करीब 3,600 एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों को लाभ मिलेगा।
