
नीट पेपर लीक मामले में एक बेहद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है. जयपुर से गिरफ्तार प्रोफेसर पीवी कुलकर्णी साल 2019 से ही नेशनल टेस्टिंग एजेंसी में बतौर पेपर सेट करने वाले के तौर पर काम कर रहा था. शुरुआती जांच में पता चला है कि उसकी पहुंच परीक्षा के फाइनल पेपर सेट तक हो गई थी. फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां इस बात की गहनता से तफ्तीश कर रही हैं कि एनटीए के अंदर उसे कौन लेकर आया था और एजेंसी के कौन-कौन से वरिष्ठ अधिकारी लगातार उसके संपर्क में बने हुए थे. जांच से जुड़े सूत्रों के अनुसार, प्रोफेसर पीवी कुलकर्णी ने एनटीए के अंदर एक साधारण सब्जेक्ट एक्सपर्ट के रूप में काम शुरू किया था. लेकिन वक्त के साथ उसने व्यवस्था की कमियों का फायदा उठाया और उसकी पहुंच सभी गोपनीय (फाइनल) पेपरों तक हो गई. नीट परीक्षा के लिए बनने वाले पांच विशेष सेटों में से जो दो सेट अंतिम रूप से तय किए जाते थे, कुलकर्णी उन दोनों फाइनल पेपरों तक पहुंच रखते थे. अब जांच एजेंसी इस मामले में उनकी भूमिका की जांच की जा रही है।
