
भारत सरकार की रिवैम्प्ड डिस्ट्रीब्यूशन सेक्टर स्कीम की ऊर्जा विभाग के प्रमुख सचिव मनीष सिंह ने समीक्षा की। बैठक में मप्र में बिजली का काम कर रही तीनों कंपनियां शामिल थीं, लेकिन मुख्य केंद्र मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी थी। पीएस ने कंपनी अफसरों से पूछा कि आरडीएसएस योजना के तहत इतना खराब काम क्यों हो रहा है। उन्होंने मॉनिटरिंग करने वाले अफसरों पर भी सवाल उठाए कि आखिर यह स्थिति कैसे बनी। पीएस ने अफसरों से इस योजना में व्यय की गई। राशि की पूरी जानकारी मांगी है। यह मामला दैनिक भास्कर में मंगलवार को 1710 करोड़ खर्च, टेढ़े-मेढ़े पोल, अधूरी अर्थिंग, काम रुका तो कागजों पर ही पूरा दिखा दिया शीर्षक से समाचार प्रकाशित हुआ था।
