
टीकमगढ़ में महेंद्र नगर सागर तालाब सहित छह जलाशयों में बिना उपचारित सीवेज छोड़े जाने का मामला सामने आया है। एनजीटी की भोपाल स्थित सेंट्रल जोन बेंच के न्यायमूर्ति शियो कुमार सिंह और एक्सपर्ट मेंबर सुधीर कुमार चतुर्वेदी ने मामले की सुनवाई करते हुए राज्य सरकार, नगर पालिका और संबंधित अधिकारियों को सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का सख्ती से पालन करने तथा तीन सप्ताह में रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। मामले की अगली सुनवाई 30 सितंबर को होगी। 1 अगस्त को हुई सुनवाई में मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एमपीपीसीबी) ने छह तालाबों के निरीक्षण की कार्रवाई रिपोर्ट पेश की। रिपोर्ट के अनुसार आसपास की बस्तियों से निकलने वाला बिना उपचारित पानी महेंद्र नगर तालाब, शेल सागर, वृंदावन तालाब, महाराजपुर तालाब और हनुमान तालाब में पहुंच रहा है। ये तालाब कुछ स्थानों पर आपस में जुड़े हुए हैं।
