आशीष महर्षि काशी के साथ मई की यात्रा पूर्ण हुई। बनारस से नोएडा लौट आए हैं हम। लग रहा है जैसे आत्मा को वहीं छोड़ आए हैं। खैर जिंदगी ऐसी…