- भोपाल से वर्चुअल जुड़ेंगे सीएम

भोपाल/बिच्छू डॉट कॉम
भाजपा का 47वां स्थापना दिवस मध्यप्रदेश में पूरे उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। इस अवसर पर राजधानी भोपाल सहित पूरे प्रदेश में विविध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। पार्टी संगठन ने इस दिन को कार्यकर्ताओं के लिए विशेष उत्सव के रूप में तैयार किया है, जिसमें संगठनात्मक मजबूती से लेकर जनसंपर्क तक कई गतिविधियां शामिल हैं।
भोपाल में हुआ मुख्य आयोजन और कार्यकर्ता सम्मेलन
राजधानी भोपाल स्थित प्रदेश भाजपा कार्यालय में सुबह से ही कार्यक्रमों की शुरुआत हुई। यहां प्राथमिक और सक्रिय सदस्यों का बड़ा सम्मेलन आयोजित किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल सहित कई वरिष्ठ नेता, मंत्री, सांसद और विधायक मौजूद रहे। इस मंच से संगठन की मजबूती, भविष्य की रणनीति और जनसंपर्क अभियानों पर विस्तार से चर्चा की गई।
17 जिलों में जिला कार्यालयों का भूमिपूजन
प्रदेश के 17 जिलों में भाजपा के नए जिला कार्यालयों का भूमिपूजन किया गया। इन जिलों में पार्टी ने पहले ही जमीन का चयन और खरीद कर ली थी। अब इन स्थानों पर कार्यालय निर्माण की औपचारिक शुरुआत हो गई है। मुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष ने भोपाल से वर्चुअल रूप से जुडक़र इस प्रक्रिया में भाग लिया और कार्यकर्ताओं को शुभकामनाएं दीं। इन कार्यालयों को संगठनात्मक गतिविधियों के मजबूत केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा।
बूथ और मंडल स्तर तक मनाया गया स्थापना दिवस
भाजपा के स्थापना दिवस को केवल जिला स्तर तक सीमित नहीं रखा गया, बल्कि इसे बूथ और मंडल स्तर तक मनाया गया। प्रदेशभर के कार्यालयों में विशेष सजावट की गई और दीप प्रज्वलन कर उत्सव का माहौल बनाया गया। कार्यकर्ताओं ने अपने-अपने घरों पर पार्टी का झंडा लगाकर उसकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर साझा कीं। इस दौरान पार्टी के इतिहास और संगठन के विस्तार पर भी चर्चा की गई।
7 अप्रैल से शुरू होगा गांव-बस्ती चलो अभियान
स्थापना दिवस के अगले दिन यानी 7 अप्रैल से 12 अप्रैल तक प्रदेशभर में गांव-बस्ती चलो अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत सांसद, विधायक, महापौर और अन्य वरिष्ठ नेता गांवों में पहुंचकर जनता से संवाद करेंगे। प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में 50 प्रमुख गांवों का चयन किया गया है, जहां विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
पुराने कार्यकर्ताओ का सम्मान और जनसंपर्क पर जोर
इस अभियान के दौरान पार्टी नेता केवल सभाएं ही नहीं करेंगे, बल्कि संगठन की नींव रखने वाले पुराने और वरिष्ठ कार्यकर्ताओं के घर जाकर उनका सम्मान भी करेंगे। साथ ही स्वच्छता अभियान के तहत सार्वजनिक स्थानों पर श्रमदान भी किया जाएगा। नेताओं को निर्देश दिए गए हैं कि वे सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों से सीधे मिलें और उनके अनुभवों को साझा करें, ताकि योजनाओं का वास्तविक प्रभाव जनता के सामने आ सके।
