- साइबर फ्रॉड का नया पैटर्न: पुलिस जांच में जुटी…

भोपाल/बिच्छू डॉट कॉम
राजधानी में शहरवासियों पर साइबर जालसाजों का कहर बरपा हुआ है। लगातार लोग साइबर ठगी का शिकार हो रहे है। पिछले दो दिन में 53 ऑनलाइन धोखाधड़ी के केस दर्ज किए गए है। साइबर फ्रॉड नए-नए तरीकों से लोगों को अपने जाल फंसा कर करोड़ों रुपए की धोखाधड़ी को अंजाम दे चुके है। जालसाज अब लोगों से बिजली बिल अपडेट कराने के लिए 12 रुपये चार्ज देने का बोलकर खातों से रकम हड़प रहे है। इसी तरह बागसेवनिया इलाके में बिजली बिल अपडेट कराने के लिए 12 रुपये चार्ज देना होगा, प्रक्रिया पूरी करने उनके खाते से 4 लाख 96 हजार रुपये निकल गए। ऐसे कई मामले सामने आए है। सभी मामलों में साइबर यूनिट में ई-एफआईआर की गई थी, जांच के लिए पुलिस संबंधित थानों को ट्रांसफर किया गया है।
पुराने एक रुपये के नोट के बदले 8 लाख देने का दावा
गोपाल प्रसाद चौरसिया ने फेसबुक पर एक विज्ञापन देखा, जिसमें पुराने एक रुपये के नोट को 8 लाख रुपये में खरीदने का दावा किया गया था। मोबाइल नंबर पर संपर्क करने पर आरोपियों ने आधार कार्ड और फोटो मंगवाकर फाइल चार्ज के नाम पर पहले 250-250 रुपये पेटीएम के जरिए ट्रांसफर कराए। इसके बाद आरोपियों ने खुद को भोपाल एयरपोर्ट पर होने का दावा करते हुए कस्टम फीस, गार्ड हायरिंग, जीएसटी और जीपीएस चार्ज के नाम पर अलग-अलग बारकोड के जरिए 1.14 लाख रुपये ट्रांसफर करा लिए।
फॉरेक्स ट्रेडिंग के नाम ठगी
फॉरेक्स ट्रेडिंग में निवेश कर मोटा मुनाफा दिलाने का झांसा रमाशंकर सिंह निवासी साकेत नगर ने शिकायत में बताया कि 9 मई, 30 मई और 15 जून 2023 को अज्ञात व्यक्तियों ने स्वयं को फोरेक्स फॉर मनी कंपनी का कर्मचारी बताकर आधार, पैन और बैंक विवरण लेकर डीमैट अकाउंट बनवाया और अलग-अलग माध्यमों से 1 लाख 18 हजार 249 रुपये अपने खातों में ट्रांसफर करवा लिए।
यूपीआई पेमेंट होने पर रकम कटी: मिसरोद क्षेत्र में इब्राहिम अंसारी ने यूपीआई पेमेंट के दौरान ट्रांजेक्शन फेल हो गया था। बैलेंस चेक करने पर पासवर्ड गलत बता रहा था। कस्टमर केयर से संपर्क करने पर उन्हें 1.20 लाख ट्रांजेक्शन की जानकारी मिली, जो उन्होंने नहीं किए थे। अजय कृष्ण पांडेय को लिंक भेजकर उनका मोबाइल हैक कर लिया और एक्सिस बैंक खाते से अलग-अलग ट्रांजेक्शन कर 5.56 लाख राशि निकाल ली।
साइबर ठगों को करेंगे गिरफ्तार
यह साइबर फ्रॉड जांच में लिए गए थे, साइबर यूनिट ने ई-एफआईआर दर्ज कर थानों को ट्रांसफर की है। सभी मामलों में जांच कर आरोपियों को पकड़ा जाएगा। इसके साथ ही शिकार हुए लोगों की रकम भी फ्रीज कराने की कार्रवाई की जाएगी।
ऐसे बचने की कोशिश करें
किसी भी अज्ञात लिंक, एपीके फाइल या निवेश के लालच में न आएं और बैंक संबंधी जानकारी किसी से साझा न करें। अगर को कोई भी बिजली विभाग से कॉल आए तो स्वयं बिजली ऑफिस जाकर ही कार्य करें।
