बिच्छू राउंडअप/भारत आज तेल अपनी मर्जी से नहीं खरीद सकता, पीएम कंप्रोमाइज्ड हो गए: राहुल

भारत आज तेल अपनी मर्जी से नहीं खरीद सकता, पीएम कंप्रोमाइज्ड हो गए: राहुल
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने पीएम मोदी पर सोमवार को तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी एक कंप्रोमाइज्ड प्रधानमंत्री हैं। केरल में जनसभा को संबोधित करते हुए राहुल ने आरोप लगाया, ‘अमेरिका-भारत समझौते के डिटेल देखने पर साफ हो जाएगा कि कोई भी भारतीय प्रधानमंत्री इसे तब तक नहीं साइन कर सकता जब तक वह कंप्रोमाइज्ड न हो।’ राहुल गांधी ने कहा कि मोदी सरकार ने कृषि क्षेत्र को अमेरिकी किसानों के लिए खोल दिया है, साथ ही देश की ऊर्जा सुरक्षा को अमेरिकियों के हवाले कर दिया है। आज भारत अपनी मर्जी से तेल नहीं खरीद सकता, बल्कि उसे इजाजत लेनी पड़ती है। राहुल गांधी ने कहा कि नरेंद्र मोदी केरल में यूडीएफ सरकार नहीं चाहते हैं। उन्होंने कहा कि मोदी जानते हैं कि भ्रष्टाचार के कारण वे एलडीएफ सरकार को नियंत्रित कर सकते हैं और एलडीएफ कभी भी दिल्ली में उनको चुनौती नहीं दे सकता। इसलिए वे समझते हैं कि केवल कांग्रेस ही उन्हें दिल्ली और पूरे देश में हरा सकती है, इसी वजह से मोदी केरल में एलडीएफ को मजबूत करना चाहते हैं। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि पीएम मोदी केरल दौरे के दौरान सबरीमाला मुद्दे पर चुप रहे, जो साफ संकेत है कि भाजपा और वाम लोकतांत्रिक मोर्चा साथ काम कर रहे हैं।

दिवालियापन के आवेदन को 14 दिन में करना होगा स्वीकार: सीतारमण
केंद्र सरकार ने दिवाला और शोधन अक्षमता संहिता (आईबीसी) में बड़े बदलावों का प्रस्ताव रखते हुए स्पष्ट किया है कि प्रक्रिया में देरी की मुख्य वजह अत्यधिक मुकदमेबाजी है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में कहा कि प्रस्तावित संशोधनों के जरिए इस दुरुपयोग पर लगाम लगाने के लिए दंडात्मक प्रावधान लाए जा रहे हैं। वित्त मंत्री ने बताया कि नए बिल के तहत, किसी कंपनी में डिफॉल्ट स्थापित होने के बाद इन्सॉल्वेंसी आवेदन को 14 दिनों के भीतर अनिवार्य रूप से स्वीकार करना होगा। इससे मामलों के निपटान में तेजी आएगी और लंबित मामलों का बोझ कम होगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आईबीसी प्रक्रिया में श्रमिकों के हित सुरक्षित हैं और उनके बकाया भुगतान को प्राथमिकता दी जाती है। सरकार का कहना है कि संशोधन इस सुरक्षा ढांचे को और मजबूत करेंगे। सदन में पेश प्रस्ताव के मुताबिक आईबीसी में कुल 12 संशोधन किए जा रहे हैं।

बिहार में बनेगा बीजेपी का सीएम, जेडीयू से बनेंगे दो डिप्टी सीएम!
बिहार की सियासत में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के विधान परिषद से इस्तीफे के बाद राज्य में नई सरकार के गठन को लेकर एनडीए में मंथन शुरू हो गया है। सूत्रों के मुताबिक, खरमास समाप्त होने के बाद 15 अप्रैल तक नई सरकार के गठन की संभावना जताई जा रही है। बिहार के अगले सीएम को लेकर एनडीए के भीतर बैठकों का सिलसिला जल्द तेज होने वाला है। हाल ही में केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सम्राट चौधरी को मुख्यमंत्री पद के लिए संभावित चेहरा बताया था। इसी तरह का संकेत लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) की ओर से भी दिया गया है। वहीं, एक कार्यक्रम के दौरान नीतीश कुमार ने भी भाजपा नेताओं की ओर इशारा करते हुए कहा था कि अब आगे की जिम्मेदारी वही संभालेंगे। हालांकि, जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय झा ने स्पष्ट किया है कि अगला मुख्यमंत्री भाजपा से होगा या जदयू से, इस पर अभी अंतिम निर्णय नहीं हुआ है।

फिर डरा रहा है कोरोना…23 देशों में फैला ‘सिकाडा’ वेरिएंट
दुनियाभर में कोरोना वायरस का एक नया चेहरा सामने आया है, जिसने स्वास्थ्य विशेषज्ञों की चिंता बढ़ा दी है। ओमिक्रॉन के इस नए सब-वेरिएंट बीए3.2 को वैज्ञानिकों ने ‘सिकाडा’ नाम दिया है। यह वेरिएंट अब तक दुनिया के 23 देशों में अपनी दस्तक दे चुका है और इसकी सबसे बड़ी चुनौती इसका ‘अदृश्य’ व्यवहार और भारी म्यूटेशन है। इस नए स्ट्रेन को ‘सिकाडा’ नाम एक खास वजह से दिया गया है। सिकाडा एक ऐसा कीड़ा है जो सालों तक जमीन के नीचे चुपचाप रहता है और अचानक भारी संख्या में बाहर निकलकर शोर मचाता है। ठीक इसी तरह, बीए3.2 वेरिएंट भी लंबे समय तक वैज्ञानिकों की नजरों से बचकर अब अचानक तेजी से फैल रहा है। इससे पहले आए घातक वेरिएंट्स जैसे जेएन.1 में केवल 30-40 म्यूटेशन ही थे। स्पाइक प्रोटीन ही वह हिस्सा है जिससे वायरस शरीर की कोशिकाओं पर हमला करता है। इतने ज्यादा बदलावों का मतलब है कि यह वायरस हमारी मौजूदा इम्युनिटी और वैक्सीन के सुरक्षा कवच को आसानी से भेद सकता है। सेंटर्स फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन के मुताबिक, इस स्ट्रेन की पहचान सबसे पहले नवंबर 2024 में दक्षिण अफ्रीका में हुई थी।

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