
- स्कूल शिक्षा विभाग ने 12 से अधिक जिलों के अधिकारियों को थमाए नोटिस, भोपाल में 20,347 विद्यार्थियों की कमी्र
भोपाल/बिच्छू डॉट कॉम। मध्यप्रदेश में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के दौरान पहली से बारहवीं तक विद्यार्थियों के नामांकन में 8.66 लाख से अधिक की गिरावट दर्ज की गई है। स्कूल शिक्षा विभाग के आंकड़ों के अनुसार, पिछले सत्र में 1.42 करोड़ विद्यार्थियों का नामांकन था, जो इस साल घटकर 1.33 करोड़ रह गया। हालांकि, नामांकन में कमी का वास्तविक कारण अभी स्पष्ट नहीं है। विभाग के सामने स्कूल छोडऩे वाले विद्यार्थियों की पहचान के साथ रिकॉर्ड में दर्ज विसंगतियों को दूर करने की चुनौती भी है।
राज्य शिक्षा केंद्र ने प्रोफाइल अपडेट सहित जरूरी कार्यों में लापरवाही को लेकर 12 से अधिक जिलों के जिला परियोजना समन्वयकों (डीपीसी) को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। विभाग ने आधार सत्यापन और विद्यार्थियों के रिकॉर्ड अपडेट करने के निर्देश दिए हैं। निर्धारित समय-सीमा में काम पूरा नहीं होने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
75 लाख विद्यार्थियों की प्रोफाइल अधूरी
विभागीय आंकड़ों के मुताबिक, प्रदेश में 75.17 लाख से अधिक विद्यार्थियों की प्रोफाइल अपडेट नहीं हुई है। वहीं, 8,74,045 विद्यार्थी ड्रापबॉक्स में दर्ज हैं, जिनकी स्थिति का सत्यापन किया जाना है। इनमें से करीब 34,729 विद्यार्थियों को अब तक संबंधित स्कूलों में दर्ज नहीं किया गया है। आधार सत्यापन का काम भी अधूरा है। अब तक 80.62 प्रतिशत विद्यार्थियों का ही आधार सत्यापन हो पाया है, जबकि 1,70,802 विद्यार्थियों की अपार आईडी जनरेट नहीं हुई है। ऐसे में नामांकन में आई गिरावट के पीछे वास्तविक रूप से स्कूल छोडऩे वाले बच्चों और अधूरे डिजिटल रिकॉर्ड की अलग-अलग भूमिका का पता लगाना जरूरी हो गया है।
भोपाल में 20 हजार से अधिक नामांकन कम
राजधानी भोपाल में पिछले सत्र की तुलना में 20,347 विद्यार्थियों का नामांकन कम दर्ज किया गया है। जिले के 1,498 स्कूलों में 3,48,812 विद्यार्थियों की प्रोफाइल अपडेट नहीं हुई है। इसके अलावा 2,037 स्कूलों में शिक्षकों की प्रोफाइल भी अपडेट नहीं की गई है। जिला शिक्षा केंद्र ने स्कूलों को यू-डाइस पोर्टल पर सत्र 2023-24 से 2026-27 तक ड्रापबॉक्स में दर्ज विद्यार्थियों का सत्यापन कर उनकी स्थिति अपडेट करने के निर्देश दिए हैं।
कई जिलों में भी गिरावट
नामांकन में कमी दर्ज करने वाले जिलों में शिवपुरी में 27,404, राजगढ़ में 23,796, देवास में 21,613, झाबुआ में 21,399 और गुना में 19,505 विद्यार्थियों का अंतर सामने आया है। सतना में 19,606, आलीराजपुर में 15,490, अशोकनगर में 14,653, मऊगंज में 12,567 और श्योपुर में 10,122 विद्यार्थियों का नामांकन कम दर्ज किया गया है।
जीतू पटवारी ने उठाए सवाल
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने नामांकन में आई गिरावट पर चिंता जताते हुए उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। उन्होंने सरकार से जिलेवार और स्कूलवार आंकड़ों का सत्यापन कराने तथा नामांकन घटने के वास्तविक कारण सार्वजनिक करने को कहा है। पटवारी ने स्कूल छोड़ चुके बच्चों की पहचान कर उनकी पढ़ाई दोबारा शुरू कराने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग भी की है। अब विभाग के सामने यह स्पष्ट करने की चुनौती है कि नामांकन में दर्ज गिरावट कितने विद्यार्थियों के वास्तव में स्कूल से बाहर होने और कितने मामलों में प्रोफाइल अपडेट या रिकॉर्ड संबंधी विसंगतियों से जुड़ी है। इसके लिए स्कूलवार सत्यापन और ड्रापबॉक्स में दर्ज विद्यार्थियों की स्थिति स्पष्ट करना महत्वपूर्ण होगा।
