सिगरेट तस्करी के काले धन को अखबार के जरिए किया सफेद

सिगरेट तस्करी

भोपाल/बिच्छू डॉट कॉम। इंदौर में सिगरेट के अवैध कारोबार और मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शिकंजा कस दिया है। ईडी की इंदौर यूनिट ने किशोर वाधवानी, नितेश वाधवानी, पूनम वाधवानी और दबंग दुनिया पब्लिकेशंस प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ दाखिल की गई चार्जशीट पर स्पेशल पीएमएलए कोर्ट ने सोमवार को संज्ञान ले लिया है। ईडी की चार्जशीट में दावा किया गया है कि समूह के प्रमोटर किशोर वाधवानी ने अपने सिंडिकेट के जरिए अवैध कमाई को मीडिया हाउस की आड़ में ठिकाने लगाया था। अखबार की आड़ में ब्लेक मनी की लॉन्ड्रिंग की जड़ें इंदौर के तुकोगंज थाने में दर्ज एफआईआर से जुड़ी हैं, जिसमें किशोर वाधवानी और उनके साथियों पर सरकार को करोड़ों का नुकसान पहुंचाने का आरोप लगा था। ईडी की जांच में चौंकाने वाला तथ्य सामने आया था कि दबंग दुनिया पब्लिकेशंस और एलोरा टोबैको कंपनी लिमिटेड के बीच गुप्त कनेक्शन था। गौरतलब है कि सीजीएसटी की इंदौर यूनिट ने भी वाधवानी और उससे जुड़ी 20 से अधिक फर्मों के खिलाफ 2000 करोड़ से अधिक के टैक्स रिकवरी नोटिस विगत दिनों जारी किए थे। जीएसटी विभाग की जांच और ईडी की कडिय़ां जोडऩे पर पता चला कि एलोरा टोबैको द्वारा अवैध रूप से बेची गई सिगरेट से मिलने वाले नकद रकम को दबंग दुनिया अखबार के खातों के जरिए वैध बनाया जा रहा था।

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