एकल ग्राम योजनाओं का संचालन करेंगी पंचायतें

  • 28 हजार गांवों की नल जल योजना पर सालाना 900 करोड़ का भार

भोपाल/बिच्छू डॉट कॉम। प्रदेश सरकार की प्रतिबद्धता केवल हर घर तक नल से जल पहुंचाने की ही नहीं बल्कि यह सुनिश्चित करना भी है कि पेयजल सुविधा आने वाले वर्षों तक सतत और गुणवत्तापूर्ण रूप में उपलब्ध हो। इसके मद्देनजर मप्र में जल जीवन मिशन के अंतर्गत 28 हजार गांवों में पेयजल आपूर्ति के लिए बनाई गईं एकल ग्राम योजनाओं का संचालन पंचायतों को सौंपा जाएगा। इन्हें तकनीकी सहयोग के लिए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग तीन साल के लिए एजेंसी तैनात करेगा। इस पर लगभग 900 करोड़ रुपये का सालाना व्यय भार आएगा, जो राज्य सरकार उठाएगी।
दरअसल, उत्तर प्रदेश में एकल ग्राम योजनाओं का संचालन पंचायतों द्वारा की जाती है। जिसे मप्र में भी लागू करने का सैद्धांतिक निर्णय मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव की अध्यक्षता में ग्रामीण नलजल योजना संचालन, संधारण एवं प्रबंधन नीति पर उच्च स्तरीय चर्चा के दौरान लिया गया। प्रदेश में जल जीवन मिशन के अंतर्गत जो योजनाएं तैयार हुई हैं, उनके संचालन और संधारण का जिम्मा किसे दिया जाएगा, इसे लेकर लंबे समय से मंथन चल रहा था। मुख्यमंत्री के स्पष्ट निर्देश थे कि इस महत्वपूर्ण योजना का लाभ दीर्घावधि तक प्रदेशवासियों को मिलना चाहिए, इसके लिए नीति बनाई जाए ताकि जिम्मेदारियां स्पष्ट हों। इसे देखते हुए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने अन्य राज्यों के प्रविधानों का अध्ययन कराके ग्रांमीण नल जल योजना संचालन, संधारण एवं प्रबंधन नीति का प्रारूप तैयार किया। इसमें बताया गया कि एकल ग्राम नल जल योजनाओं का संचालन पंचायतें करेंगी। छोटे-मोटे काम देखने की जिम्मेदारी इनकी ही रहेगी। वहीं इन्हें जो तकनीकी सहयोग विभाग उपलब्ध कराएगा। चूंकि, विभाग के पास तकनीकी अमला कम है, इसलिए एजेंसी का चयन किया जाएगा। यह व्यवस्था तीन वर्ष के लिए लागू की जाएगी और परिणाम के आधार पर आगे बढ़ाने का निर्णय लिया जाएगा।
78.64 लाख परिवारों को मिल रहा नल से जल
विभाग के प्रमुख सचिव पी नरहरि ने बताया कि प्रदेश में अगस्त 2019 तक जहां केवल 12.11 प्रतिशत अंतर्गत 13 व्बाख 53 हजार ग्रामीण परिवारों को ही नल से जल मिल रहा था, वहीं अब संख्या 78 लाख 64 हजार से अधिक हो गई है। 1.11 करोड़ परिवारों को नल से जल उपलब्ध कराने का लक्ष्य है, जो 2027 तक पूरा कर लिया जाएगा। समूह नल जल की 147 योजनाओं में से अब तक 52 पूरी की जा चुकी हैं और 95 प्रगति पर हैं। नरहरि द्वारा प्रदेश में ग्रामीण क्षेत्रों में क्रियान्वित हो रही नलजल योजनाओं के दीर्घकालिक एवं प्रभावी संचालन हेतु विभाग द्वारा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग सहित विभिन्न स्तरों पर विचार विमर्श उपरांत तैयार की गई ग्रामीण नलजल योजना संचालन-संधारण एवं प्रबंधन नीति की विस्तार से जानकारी दी गई। इस नीति के प्रावधानों के अनुसार ग्रामीण नलजल योजना का संचालन पूर्व की भांति संबंधित ग्राम पंचायत के द्वारा किये जाने तथा ग्राम पंचायतों को योजना के संचालन में सहयोग देने हेतु तथा योजना संचालन की व्यवस्था को सदृढ करने के उददेश्य से योजना के संधारण से संबंधित कार्य लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के द्वारा अनुबंधित एजेंसी के माध्यम से किये जाने की जानकारी दी गई।

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