संगठन ने बनाई श्रीमंत खेमे से दूरी नहीं दिया कोई पद

The organization has not given any distance from the Srimanth camp

भोपाल/ अनिरुद्ध सोनोने/बिच्छू डॉट कॉम। पन्द्रह माह के वनवास के बाद भाजपा को सत्ता दिलाने वाले श्रीमंत और उनके समर्थकों से भाजपा संगठन ने अब तक पूरी तरह से दूरी बना रखी है। यही वजह है कि अब तक उनके किसी भी समर्थक को राष्ट्रीय तो दूर प्रदेश की कार्यकारणी तक में कोई जगह नहीं दी गई है। यह बात अलग है कि दलबदल के लिए तय की गई शर्त के मुताबिक श्रीमंत समर्थक 14 पूर्व विधायक शिवराज कबीना में मंत्री पदों पर बने हुए हैं। हाल ही में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने अपनी नई टीम की घोषणा की है।
जिसमें मप्र से चार नेताओं को शामिल किया गया है , लेकिन इसमें श्रीमंत समर्थक किसी भी नेता का नाम शामिल नही है। हालांकि पहले अनुमान लगाया जा रहा था कि कम से कम श्रीमंत के समर्थक को जरुर इसमें जगह मिल सकती है। इससे पहले जब प्रदेश में वीडी शर्मा की टीम में पांच प्रदेश महामंत्रियों की नियुक्ति की थी, लेकिन उनमें भी श्रीमंत का कोई समर्थक शामिल नहीं किया गया था। इस मामले में पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता रजनीश अग्रवाल का कहना है कि पार्टी के राष्ट्रीय फलक पर काम करने की दृष्टि से कार्यकर्ताओं का आंकलन कर स्थान दिया गया है। भाजपा में न कोई गुट और न ही इस आधार पर चयन होता है। सिंधिया जी के समर्थक और वे पार्टी के नेता हैं। उन्हें भाजपा से अलग नहीं समझना चाहिए।

Related Articles